शुरुआती दिनों में दिखने लगते हैं कैंसर के ये लक्षण, जिन्हें लोग सामान्य समझकर कर देते हैं नजरअंदाज

शुरुआती दिनों में दिखने लगते हैं कैंसर के ये लक्षण, जिन्हें लोग सामान्य समझकर कर देते हैं नजरअंदाज

शुरुआती दिनों में दिखने लगते हैं कैंसर के ये लक्षण, जिन्हें लोग सामान्य समझकर कर देते हैं नजरअंदाज 

कैंसर एक ऐसी जानलेवा बीमारी है, जो तेजी से दुनियाभर में अपने पैर पसारती जा रही है। इंडियन कॉउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च के अनुसार 2020 तक भारत में कैंसर के 17.3 लाख नए मामले सामने आएंगे। इस बीमारी की वजह से मरने वालों की संख्या 8.8 लाख हो सकती है।

कैंसर से जान जाने के मुख्य कारणों में से एक यह होता है कि अधिकतर मरीजों को इस बीमारी के बारे में पता ही बहुत देर से चलता है। वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन के आंकड़ों की माने तो 80% मरीज एडवांस स्टेज में पहुंच जाने के बाद डॉक्टर्स के पास पहुंचते हैं, जिससे उनके बचने की उम्मीदें बहुत कम हो जाती है।

ऐसा नहीं है कि यह गंभीर बीमारी एकदम से ही बढ़ जाती है। शुरुआती स्टेज में पीड़ित को कुछ चेतावनियां मिलती हैं। मगर वो इन पर ध्यान नहीं देता है। लगातार सर्दी खांसी बने रहना या पीठ दर्द आदि को हम यूँ ही इग्नोर कर देते हैं। जिसका परिणाम नुकसानदायक होता है।

इसकी मुख्य वजह जागरूकता की कमी ही होती है। आज हम आपको ऐसी ही कुछ चेतावनियों और संकेतों के बारे में बताएंगे, जो कैंसर की ओर इशारा करते हैं। बेहतर है कि इन संकेतों को नजरअंदाज ना किया जाए।

कोई नई गांठ

 कोई नई गांठ 

यदि आपके शरीर में कोई भी नई गांठ दिखाई दे या उभार दिखाई दे और इसकी वजह भी आपको समझ नहीं आ रही हो तो इस पर जरा ध्यान दें। यह किसी गंभीर बीमारी का संकेत भी हो सकता है।

भूख ना लगना

भूख ना लगना 

किसी एक दिन खाने का मन नहीं होना या भूख नहीं लगना फिर भी आम बात है। लेकिन कुछ दिनों से आपकी भूख मर सी गई है तो यह अच्छा संकेत नहीं माना जाएगा।

घाव का ठीक ना होना

घाव का ठीक ना होना 

आपके किसी अंग पर कोई घाव हो गया है या कोई निशान बन रहा है जो लंबे समय से ठीक भी नहीं हो रहा हो तो ऐसी स्थिति में चिकित्सक से सलाह लेना ही बेहतर है।

सांस फूलना

सांस फूलना 

यदि आपको लग रहा है कि आपकी साँसे सामान्य से जल्दी फूलने लगी हैं या आपको सांस लेने में दिक्कत हो रही है तो आपको इसे गंभीरता से लेना चाहिए। यह सिर्फ कैंसर ही नहीं बल्कि अन्य बीमारियों का भी लक्षण होता है।

तिल का बदलना

तिल का बदलना 

शरीर के किसी अंग पर तिल या मस्से का होना बहुत आम बात है। लेकिन यदि यह तिल अपना आकार या रंग बदल रहा हो या इसमें से ब्लीडिंग हो रही हो तो यह बुरा संकेत है।

सर्दी-खांसी का बने रहना

सर्दी-खांसी का बने रहना 

यदि आपको सर्दी-जुकाम हो गया है और गला बैठ गया है तो यह कुछ ही दिनों में ठीक भी हो सकता है। लेकिन यह तीन हफ्ते या उससे ज्यादा तक बना रहे तो यह कैंसर का संकेत हो सकता है।

अपच होना

अपच होना 

यदि आपको अपचन की समस्या बनी हुई है। खाना निगलने में भी दिक्कत आ रही है तो यह भी कैंसर की चेतावनी हो सकती है।

थकान बने रहना

थकान बने रहना 

यदि ठीक तरीके से आराम कर लेने के बाद भी थकान बनी हुई है तो इसे भी हल्के में नहीं लेना चाहिए। साथ ही अचानक से वजन का कम होना भी ठीक नहीं माना जाएगा।

शौच की आदतों में बदलाव होना

शौच की आदतों में बदलाव होना 

यदि आपके शौच जाने के समय या आवृति (आप कितनी बात शौच जाते हैं) में बेवजह कोई बदलाव हो रहा है तो इसे हल्के में नहीं लेना चाहिए। इस पर ध्यान देना चाहिए।

ब्लीडिंग होना

ब्लीडिंग होना 

यदि शौच, पेशाब या थूक इनमें से किसी में भी खून आना एक चेतावनी की तरह ही माना जाना चाहिए। भले ही कैंसर ना हो फिर भी यह आपके अस्वस्थ होने का ही संकेत हैं।